मुरादाबाद के ज़िला अस्पताल की हालत देखकर, गन्दगी को भी बदबू आ जाए...

मुरादाबाद के ज़िला अस्पताल की हालत देखकर, गन्दगी को भी बदबू आ जाए...


फर्श पर पढ़ा खून,शौचालय में कोने में पड़ी पट्टी उपयोग हुआ कूड़ा तथा वाश बेसन पर पड़े कई साबुन...मुरादाबाद ज़िला अस्पताल में गन्दगी की पोल खोल रहे हैं


जिलाधिकारी महोदय कृपया संज्ञान लें। जिला अस्पताल की ये लापवाही कहीं मुसीबत न बन जाए जिला प्रशासन के लिए




ये है मुरादाबाद जिला चिकित्सालय के आइसोलेशन कोरोना वार्ड के रूम नंबर 4 की हालत। यहाँ पहले से रहे कोरोना संक्रमित/आशंकित मरीज़ की बेड शीट, तथा मरीज़ की उपयोग हुई बोतल, चाय का कप तथा फलों के छिलकों का कूड़ा आदि। सूत्रों से ज्ञात हुआ है की चिकित्सालय स्टाफ द्वारा कोरोना आशंकित मरीज़ को बहार ही चादर दे दी जाती है, जिसको बताये गए बेड पर जाकर संक्रमित चादर हटा कर दी हुई चादर खुद ही बिछानी होती है। वही अगर इन वार्डों के शौचालयों की बात की जाए तो इतनी गन्दगी है की वहां पैर रखना तक मुश्किल है।


शौचालों के फोटो देख कर साफ़ अंदाजा लगाया जा सकता है कि यहाँ संक्रमण रोका नहीं जा सकता जिसकी गवाही फर्श पर पढ़ा खून,शौचालय में कोने में पड़ी पट्टी उपयोग हुआ कूड़ा तथा वाश बेसन पर पड़े कई साबुन।


क्या पता उस साबुन को पहले किस किस ने उपयोग किया हो, ईश्वर ही जाने। 
सवाल ये है की जो मरीज़ जिला चिकित्सालय में उपचार हेतु जा रहा है वो सिर्फ आशंकित है।


यदि उसको उपरोक्त गतिविधियों के दौरान किसी संक्रमित की चादर छूने, गन्दा शौचालय उपयोग करने या वहाँ पड़ा संक्रमित कूड़ा आदि छूने से संक्रमण होता है तो क्या मुरादाबाद की स्थिति सम्भलेगी या बिगड़ेगी ?


यदि हालत बिगड़ी तो उसके लिए किसको ज़िम्मेदार माना जायेगा ?


ये सभी फोटो आज दिनांक 29 अप्रैल 2020 के ही हैं।


अब्दुल्लाह फारूक़